छह जिलों में 1,093.73 करोड़ रुपये होंगे खर्च, फोरलेन, चौड़ीकरण, डामरीकरण और सुदृढ़ीकरण से गांवों से शहरों तक बेहतर होगी कनेक्टिविटी
अंबिकापुर, 15 सितंबर 2026। सरगुजा संभाग में सड़क नेटवर्क को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। लोक निर्माण विभाग के माध्यम से संभाग के सरगुजा, बलरामपुर-रामानुजगंज, सूरजपुर, मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर, कोरिया और जशपुर जिलों में कुल 44 प्रमुख सड़क परियोजनाओं के लिए 1,093.73 करोड़ रुपये की प्रशासकीय स्वीकृति मिली है। इन कार्यों में नई सड़कों के निर्माण के साथ चौड़ीकरण, डामरीकरण, सुदृढ़ीकरण, फोरलेन निर्माण तथा आवश्यक स्थानों पर पुल-पुलिया निर्माण और चौड़ीकरण शामिल है।
इन परियोजनाओं के पूरा होने से संभाग के शहरी क्षेत्रों के साथ ग्रामीण, वनांचल और दूरस्थ इलाकों की सड़क कनेक्टिविटी बेहतर होने की उम्मीद है। बेहतर सड़क नेटवर्क से आवागमन के साथ व्यापार, कृषि, शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार से जुड़ी गतिविधियों को भी गति मिलने की संभावना है।
सरगुजा में फोरलेन समेत कई प्रमुख सड़कों को मंजूरी
सरगुजा जिले में अंबिकापुर विधानसभा क्षेत्र के लरंगसाय चौक से रामानुजगंज मार्ग के 5 किलोमीटर हिस्से के फोरलेन चौड़ीकरण एवं निर्माण के लिए 69.10 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं। वहीं गांधी चौक से रेलवे स्टेशन तक 5 किलोमीटर फोरलेन के लिए 61.34 करोड़ रुपये की मंजूरी मिली है।
लुंड्रा क्षेत्र में असकला-अहिरपारा से दोरना मार्ग पर टानागढ़ नाला में पुलिया निर्माण तथा 7 किलोमीटर सड़क के सुदृढ़ीकरण के लिए 12.93 करोड़ रुपये और असकला-झेराडीह से बरगीडीह तक 4 किलोमीटर सड़क निर्माण के लिए 11.51 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं।
सीतापुर क्षेत्र में सोनतराई से सूर तक 4 किलोमीटर फोरलेन सड़क के लिए 34.22 करोड़ रुपये तथा सोनतराई-मैनपाट मार्ग के 13.20 किलोमीटर हिस्से के सुदृढ़ीकरण एवं सौंदर्यीकरण के लिए 26.33 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी गई है। इसके अलावा अमगसी-कुन्नी, पटकुरा-घटौन और ढोढ़ाकेसरा-डांड़केसरा मार्गों के सुदृढ़ीकरण एवं निर्माण कार्य भी प्रस्तावित हैं।
सूरजपुर में 63 किलोमीटर मार्ग सहित कई सड़कों का होगा उन्नयन
सूरजपुर जिले में भी सड़क अधोसंरचना के लिए बड़ी राशि स्वीकृत की गई है। भटगांव विधानसभा क्षेत्र में तारा-प्रेमनगर-रामानुजनगर-कृष्णपुर 63 किलोमीटर मार्ग के लिए 64.93 करोड़ रुपये तथा कल्याणपुर-लटोरी-दतिमा-सलका 33 किलोमीटर मार्ग के सुदृढ़ीकरण के लिए 40.93 करोड़ रुपये मंजूर किए गए हैं।
डुमरिया एनएच-43 से केवरा तक 20 किलोमीटर मार्ग में पुल-पुलिया सहित चौड़ीकरण के लिए 30.41 करोड़ रुपये स्वीकृत हैं। प्रेमनगर क्षेत्र में विशुनपुर-सूरजपुर-ओड़गी 32 किलोमीटर मार्ग के सुदृढ़ीकरण के लिए 32.24 करोड़ रुपये तथा पवनपुर से परमेश्वरपुर-अर्जुनपुर-मकरबंधा-तिवरागुड़ी 15 किलोमीटर मार्ग पर पुल-पुलिया सहित निर्माण के लिए 23.62 करोड़ रुपये की मंजूरी मिली है।
इसके अलावा सुरता-छिवलिहियापारा-मनियारीडांड-केरहियापारा, बड़कापारा-पंपापुर-कोट-पटना, भैयाथान मुख्य मार्ग से ऊंचडीह-नैरा-बरीला-परसापारा-कुआंपुर तथा मनिहारीडांड बाजारपारा से कांदाबारी होते हुए झापरपारा मार्ग के लिए भी राशि स्वीकृत की गई है।
सूरजपुर रिंग रोड के 17 किलोमीटर हिस्से के सुदृढ़ीकरण के लिए 16.39 करोड़ रुपये, कौशलपुर-भैसामुड़ा पहुंच मार्ग के लिए 13.67 करोड़ और सिलफिली एनएच-30 से महेशपुर होते हुए लटोरी तक 5 किलोमीटर सड़क के चौड़ीकरण एवं मजबूतीकरण के लिए 12.70 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं।
बलरामपुर में सीमावर्ती और दूरस्थ इलाकों तक पहुंचेगी बेहतर सड़क
बलरामपुर-रामानुजगंज जिले में परसवार-चलगली 18 किलोमीटर मार्ग के उन्नयन के लिए 38.80 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं। कामेश्वरनगर-रामचंद्रपुर-लुरगी 38 किलोमीटर मार्ग के सुदृढ़ीकरण के लिए 25.69 करोड़ और रामानुजगंज-वाड्रफनगर 53.60 किलोमीटर मार्ग के लिए 23.84 करोड़ रुपये की मंजूरी मिली है।
इसी तरह प्रतापपुर-सेमरसोत मार्ग के सुदृढ़ीकरण के लिए 19.56 करोड़, सिविलदाग-नीलकंठपुर मार्ग के लिए 15.12 करोड़, बसंतपुर-रामानुजगंज मार्ग के सुदृढ़ीकरण के लिए 14.18 करोड़ और आसनडीह-अटल चौक मार्ग के निर्माण के लिए 12.24 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं।
वाड्रफनगर-जनकपुर-बलंगी (मध्यप्रदेश सीमा) 43.20 किलोमीटर राज्य मार्ग क्रमांक-03 के सुदृढ़ीकरण के लिए 35.32 करोड़ तथा अंबिकापुर-प्रतापपुर 42 किलोमीटर मार्ग के डामरीकरण के लिए 24.59 करोड़ रुपये की स्वीकृति भी शामिल है।
जशपुर में राज्य मार्गों से ग्रामीण पहुंच मार्गों तक काम
जशपुर जिले में लुड़ेग-बागबहार-तपकरा-लवाकेरा 55.80 किलोमीटर राज्य मार्ग क्रमांक-04 के सुदृढ़ीकरण के लिए 40.32 करोड़ रुपये मंजूर किए गए हैं।
पत्थलगांव में इंदिरा चौक से जशपुर रोड, अंबिकापुर रोड और रायगढ़ रोड के पहाड़ी हिस्सों के उन्नयन एवं मजबूतीकरण के लिए 36.85 करोड़ रुपये की स्वीकृति पहले ही जारी की जा चुकी है।
बतौली-बगीचा-चरईडांड 16.80 किलोमीटर मार्ग में सड़क निर्माण और पुल-पुलिया चौड़ीकरण के लिए 34.44 करोड़ रुपये तथा कांसाबेल-बगीचा 43.80 किलोमीटर मार्ग के डामरीकरण के लिए 29.37 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं।
इसके अलावा तुमला से मेड़र उड़ीसा सीमा तक पहुंच मार्ग, पोंडीखुर्द-सुलेशा के बीच दनगरी घाट मार्ग, जशपुर-सन्ना मार्ग, चंपा-बादा मार्ग तथा एनएच-43 से बिच्छीकानी-ढुढरूपारा-जमरगी मार्ग सहित कई अन्य सड़कों को भी स्वीकृति मिली है।
सड़कें विकास की बुनियाद, गांवों तक पहुंचेंगे अवसर
सड़क परियोजनाओं का असर केवल आवागमन को सुगम बनाने तक सीमित नहीं रहेगा। ग्रामीण और वनांचल क्षेत्रों में सड़क संपर्क बेहतर होने से कृषि उत्पादों को बाजार तक पहुंचाने, स्थानीय व्यापार को बढ़ावा देने और रोजगार के अवसर बढ़ाने में मदद मिलेगी।
बेहतर सड़कें विद्यार्थियों की स्कूल-कॉलेज तक पहुंच आसान करेंगी, जबकि मरीजों को स्वास्थ्य केंद्र और अस्पताल तक पहुंचने में कम समय लगेगा। पुल-पुलिया के निर्माण से बारिश के दौरान प्रभावित होने वाले मार्गों को भी बेहतर कनेक्टिविटी मिलने की उम्मीद है।
फोरलेन और चौड़ी सड़कों के निर्माण से प्रमुख शहरों एवं बाजारों के बीच आवागमन सुगम होगा। वहीं दूरस्थ गांवों को मुख्य मार्गों से जोड़ने वाली परियोजनाएं प्रशासनिक सेवाओं और विकास योजनाओं की पहुंच को और मजबूत कर सकती हैं।
छह जिलों में बदलेगा सड़क नेटवर्क का स्वरूप
सरगुजा संभाग के सभी छह जिलों में स्वीकृत इन परियोजनाओं को क्षेत्र की सड़क अधोसंरचना के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। 1,093.73 करोड़ रुपये की लागत वाली 44 प्रमुख परियोजनाओं के माध्यम से नई सड़कों के निर्माण के साथ मौजूदा मार्गों की क्षमता और गुणवत्ता बढ़ाने पर जोर दिया गया है।
इन कार्यों के पूरा होने के बाद संभाग में गांवों से शहरों, बाजारों, स्कूलों, अस्पतालों और रोजगार केंद्रों तक पहुंच मजबूत होने की उम्मीद है। इससे सड़क सुविधा के साथ-साथ क्षेत्र की आर्थिक और सामाजिक गतिविधियों को भी नई गति मिल सकती है।
